परिचय – नवीन सी. चतुर्वेदी

परिचय – नवीन सी. चतुर्वेदी

                  संक्षिप्त परिचय – नवीन सी. चतुर्वेदी ( ब्रजगजल प्रवर्तक, बहुभाषी शायर (कवि) एवं व्यंग्यकार)

कस्बा, नगर, नगरिया, देहात में बराबर

कस्बा, नगर, नगरिया, देहात में बराबर ।
रसिया सकल जगत के उतपात में बराबर ॥
 
दुनिया की बैयर’न की पलक’न पै लिख रह्यौ है ।
अजहूँ जखम मिलें हैं सौगात में बराबर ॥
 
बिटिय’न के मन सुने तौ सिसकि’न के बीच बोलीं ।
बनकें दिखामनौ है हर बात में बराबर ॥
 
सच्ची पिरीत की तौ पहिचान एक ही है ।
या कौ असर रहै है दिन-रात में बराबर ॥
 
सजनी सजन सों बोली बच लेउ गरमि’यन में ।
अबकें तुमें करोंगी बरसात में बराबर ॥
 
बैयर – स्त्री;

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